जमशेदपुर के गोपाल मैदान में जनजातीय मामलों के केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुडां ने राष्ट्रीय जनजातीय महोत्सव का उदघाटन किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि आदि महोत्सव हमारे देश की जनजातीय संस्कृति, परंपराओं और कला को राष्ट्रीय ओर अतंराष्ट्रीय बाजारों में पहुंचाने का एक प्रमुख मंच है। उन्होंने कहा कि यह हमारे आदिवासी पूर्वजों और आदिवासियों के योगदान का उत्सव है। ऐसे आयोजन से हमें अपने समाज से रूबरू होने का मौका मिलेगा।
उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन आदिवासियों को सशक्त बनाने का मंच प्रदान करते हैं। केंद्रीय जनजातीय मंत्रालय और ट्राइफेड द्वारा आयोजित इस दस दिनी महोत्सव में लगभग 350 जनजातीय कारीगर और कलाकार शामिल हो रहे हैं। महोत्सव में 156 से ज्यादा स्टॉल लगाये गये हैं, जिसमें स्थानीय कला, हस्तशिल्प, प्राकृतिक उत्पाद और व्यंजन उपलब्ध हैं। इसके अलावा महोत्सव के माध्यम से जनजातीय संगीत, कला, चित्रकला और स्थानीय कारीगरों के रहन सहन, पारंपरिक तौर तरीकों और उनकी संस्कृति को समझने का भी अवसर दिया जा रहा है।