जी-20 देशों की दीर्घकालिक वित्तीय व्यवस्था संबंधी कार्यसमूह की चौथी बैठक आज से वाराणसी में शुरू हुई। इस बैठक में जी-20 की दीर्घकालिक वित्तीय व्यवस्था की रिपोर्ट को अंतिम रूप दिया जाएगा। इस बैठक में प्राथमिकता के 3 क्षेत्र निर्धारित किए गए हैं। इनमें जलवायु परिवर्तन संबंधी वित्तीय आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए समय से उपयुक्त संसाधन जुटाने की प्रक्रिया, सतत् विकास लक्ष्यों के लिए वित्तीय व्यवस्था पर चर्चा और इसके लिए क्षमता निर्माण शामिल हैं। ये क्षेत्र सतत विकास और जी-20 की अध्यक्षता के विषय-वसुधैव कुटुम्बकम पर भारत की प्राथमिकता को दर्शाते हैं।
’एक पृथ्वी, एक परिवार, एक भविष्य’ थीम पर वाराणसी के ताज होटल में आयोजित दीर्घकालिक वित्तीय व्यवस्था संबंधी कार्यसमूह की बैठक में जी-20 सदस्य देशों के अलावा विशेष आमंत्रित देशों और अंतर्राष्ट्रीय संगठनों के 90 से अधिक प्रतिनिधि भाग ले रहे हैं।